करनाल लाठीचार्ज: नूह में किसानों का महापंचायत, राकेश टिकैत ने कहा-किसान सबका हिसाब करेगा

टिकैत ने कहा कि करनाल में किसानों पर हमला करने का षड्यंत्र ‘ड्यूटी मजिस्ट्रेट के आदेशों से स्पष्ट था, जो पुलिस को किसानों का सिर फोड़ने और उन पर लाठियां बरसाने का आदेश दे रहे हैं।’’

rakesh tikait, lathicharge on farmers in haryana, manohar lal khattar राकेश टिकैत ने किसानों पर लाठीचार्ज को लेकर खट्टर सरकार पर निशाना साधा है (Photo-Indian Express/AP)

शनिवार को किसानों पर हुए लाठीचार्ज के बाद हरियाणा के नूह में हो रहे किसान महापंचायत में संयुक्त किसान मोर्चा के कई नेता पहुंचे हैं। डॉ दर्शन पाल, राकेश टिकैत और बलबीर सिंह राजजेवाल, स्वराज इंडिया के प्रमुख योगेंद्र यादव ने किसानों को संबोधित किया है।

किसान नेताओं ने बड़ी लड़ाई के संकेत दिए हैं। डॉ. दर्शन पाल सिंह ने कहा है कि संयुक्त किसान मोर्चा जल्द ही पूरी दिल्ली घेराव करेगा। साथ ही उन्होंने किसानों से इस लड़ाई के लिए तैयार रहने का ऐलान किया। इससे पहले राकेश टिकैत ने रविवार को करनाल के एक अस्पताल में जाकर कुछ घायल किसानों से मुलाकात की और पुलिस द्वारा लाठीचार्ज की निंदा की। टिकैत ने कहा कि करनाल में किसानों पर हमला करने का षड्यंत्र ‘ड्यूटी मजिस्ट्रेट के आदेशों से स्पष्ट था, जो पुलिस को किसानों का सिर फोड़ने और उन पर लाठियां बरसाने का आदेश दे रहे हैं।’’ टिकैत ने कहा, ‘‘सरकार किसानों की आवाज को दबाने के लिए लाठियों का इस्तेमाल कर रही है, लेकिन वह गलतफहमी में है।’’

मनोहरलाल खट्टर ने करनाल में प्रदर्शनकारी किसानों के ऊपर की गई पुलिस की कार्रवाई का बचाव करते हुए कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन का आश्वासन दिया गया था लेकिन पुलिसकर्मियों पर पथराव किया गया और एक राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया गया। शनिवार को भाजपा की एक बैठक के खिलाफ प्रदर्शन करने के लिए एक राष्ट्रीय राजमार्ग पर करनाल की ओर बढ़ रहे किसानों के एक समूह पर कथित तौर पर पुलिस ने लाठियां बरसायीं जिससे लगभग 10 लोग घायल हो गए।

बैठक के बाद शनिवार शाम करनाल में संवाददाताओं से बातचीत में खट्टर ने कहा कि प्रदर्शन कर रहे किसानों ने पहले सरकार को आश्वासन दिया था कि उनका प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहेगा। खट्टर ने कहा, ‘‘अगर उन्हें विरोध प्रदर्शन ही करना था तो उन्हें शांतिपूर्ण तरीके से करना चाहिए था, इस पर किसी को आपत्ति नहीं होती। पहले उन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन का आश्वासन दिया था। लेकिन अगर वे पुलिस पर पथराव करेंगे, राजमार्ग अवरुद्ध करेंगे तो पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कदम तो उठाएगी।’’