चिराग पासवान को मिला ‘हेलीकॉप्टर’, पशुपति पारस को मिली ‘सिलाई मशीन’, EC ने दिए चुनाव चिन्ह

लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) में चल रहे विवाद के बीच चुनाव आयोग ने मंगलवार को पशुपति पारस और चिराग पासवान, दोनों धड़ों को अलग-अलग पार्टी के तौर पर मंजूरी दे दी।

Pashupati Paras , Chirag Paswan, Bihar पशुपति पारस और चिराग पासवान(फाइल/फोटो सोर्स: PTI)

लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के दो धड़ों, पशुपति पारस और चिराग पासवान को चुनाव आयोग ने अलग-अलग पार्टी के तौर पर मान्यता दे दी है। इसके लिए चुनाव आयोग ने दोनों को चुनाव चिन्ह भी आवंटित कर दिया है। इसी के साथ आयोग ने पार्टी का पुराना नाम(लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) ) और उसका चुनाव चिह्न भी खत्म कर दिया है।

बता दें कि अब पूर्व केंद्रीय मंत्री दिवंगत रामविलास पासवान के पुत्र चिराग पासवान का चुनाव निशान हेलीकॉप्टर होगा तो वहीं उनकी पार्टी का नाम लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) होगा। इसके अलावा केंद्रीय मंत्री पशुपति पारस की पार्टी को आयोग ने सिलाई मशीन निशान दिया है। उनकी पार्टी का नाम राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी होगा।

फिलहाल दोनों धड़ों की तरफ से पार्टी के चिह्न को लेकर अपना दावा किया जा रहा था। चाचा-भतीजे के बीच चल रहे इस विवाद के बीच चुनाव आयोग ने यह फैसला लिया है। गौरतलब हो कि LJP के संस्थापक और पूर्व केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान की मौत के बाद पार्टी पर अधिकार जमाने को लेकर चाचा पशुपति पारस ने दावा किया था। वहीं इस ल़ड़ाई में चिराग पासवान अकेले पड़ते जा रहे थे।

बता दें कि पार्टी के सांसद चिराग से अलग होकर पशुपति कुमार पारस के साथ हैं। उसके बाद पशुपति कुमार पारस को केंद्रीय कैबिनेट में भी शामिल कर लिया गया है।