जब कार से निकलकर भागी तमिनलाडु की महिला IPS अधिकारी, 150 पुलिसवालों ने दौड़ाया, जानें क्या है पूरा मामला

स्पेशल डीजीपी ने महिला आईपीएस अधिकारी को उनकी कार में बैठने को कहा। थोड़ी देर बाद वह कार से निकलकर भागने लगीं। 150 पुलिसकर्मियों ने उनका पीछा किया।

Tamilnadu, palaniswami

एक आईपीएस ऑफिसर द्वारा यौन उत्पीड़न का आरोप लगाए जाने के बाद तमिलनाडु सरकार को स्पेशल डीजीपी को उनके पद से हटाना पड़ गया। हालांकि शिकायत मिलने के बाद नाटकीय अंदाज में घटनाएं हुईं। शिकायत करने वाली महिला ऑफिसर लगभग 40 मिनट तक स्पेशल डीजीपी के साथ कार में रहीं और फिर निकलकर भागने लगीं। कार रोकने के बाद गेट से निकलकर वह पैदल दौड़ने लगीं। बाद में 150 पुलिसकर्मियों ने उन्हें घेर लिया।

बाद 22 फरवरी की दोपहर की है। इससे एक दिन पहले ही स्पेशल डीजीपी जेके त्रिपाठी और गृह मंत्रालय में शिकायत की गई थी। शिकायत के बाद सरकार ने स्पेशल डीजीपी राजेश दास को उनके पद से हटा दिया। गृह मंत्रालय ने मामले की जांच करने के लिए 6 सदस्यों की कमिटी बना दी। चीफ मिनिस्टर पलनिस्वामी ने कहा कि अब तक जांच में कुछ भी साबित नहीं हुआ है।

दास से कॉन्टैक्ट करने पर उन्होंने इंडियन एक्सप्रेस को बताया, ‘यह सब पॉलिटिकली मोटिवेटेड है। यह झूठी शिकायत है। आप जांच के परिणाम का इंतजार करिए।’ इंडियन एक्सप्रेस ने कई अधिकारियों से भी इस मामले में जानकारी जुटाई। वरिष्ठ अधिकारियों के मुताबिक पिछले रविवार के त्रिची और चेन्नै हाइवे पर घटना घटी। सीएम का काफिला चुनावी प्रचार के लिए कोंगू जा रहा था। स्पेशल डीजीपी वीआईपी ड्यूटी करने के बाद वापस अपने घर जा रहे थे। रास्ते में शिकायतकर्ता का भी क्षेत्र था जहां उन्हें वरिष्ठ अधिकारी को रिसीव करना था।

उन्होंने बताया, सामान्यतः सैल्यूट करने के बाद काफिले में शामिल होना होता है। लेकिन वरिष्ठ अधिकारी ने उनसे कार में बैठने के लिए कहा। कार लगभग 40 मिनट चलती रही। इसके बाद जैसे ही अगले पॉइंट पर कार रुकी महिला ऑफिसर दाहिनी ओर गेट खोलकर निकली और भागने लगी। वह कुछ बता नहीं पाईं बस अपनी कार लाने को कह रही थीं। उनसे कॉन्टैक्ट करने की कई बार कोशिश की गई लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।

इस मामले में आईजीपी शंकर ने कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। अधिकारियों का कहना है कि मामला जांच का विषय है। इस घटना के बाद आईपीएस ऑफिसर्स ने दास को सस्पेंड करने की मांग की है।