टी-20 क्रिकेट की कहानी

आगामी दिनों में टी-20 विश्व कप शुरू हो रहा है।

सांकेतिक फोटो।

मनीष कुमार जोशी

आगामी दिनों में टी-20 विश्व कप शुरू हो रहा है। क्रिकेट का यह फार्मेट कम समय में ही लोकप्रिय हो गया। टी20 क्रिकेट और इसके विश्वकप के शुरू होने की कहानी बहुत ही रोचक है।बात इस सदी के शुरुआत की है। तब यह महसूस किया जाने लगा की एकदिवसीय क्रिकेट में रुचि कम हो रही है। एक दिवसीय क्रिकेट की कई बड़ी प्रतियोगिताएं बंद होने लगीं। वर्ष 2002 में सबसे बड़ी त्रिकोणीय प्रतियोगिता बेसन एंड हेजेस बंद हो गई। बाद में चैंपियंस ट्रॉफी भी बंद कर दी गई। अब दर्शकों को स्टेडियम में लाने की बड़ी चुनौती थी। ईसीबी ने इसके लिए प्रयास शुरू किए।

ईसीबी ने इस संबंध में अनुसंधान शुरू किया। यह जिम्मेदारी उसने मैनेजर राबर्टसन को दी। राबर्टसन ने क्रिकेट प्रेमियों से बात कर और लोगों का रुझान देखकर यह निष्कर्ष निकाला कि दर्शक क्रिकेट को अब समय खपाऊ खेल मानने लगे हैं।राबर्टसन को यह बात समझ में आ गई कि यदि दर्शकों को स्टेडियम में लाना है तो क्रिकेट को छोटा करना पड़ेगा। उनके दिमाग में क्रिकेट को 20-20 ओवर तक सीमित करने का विचार आया। उन्हें लगा ऐसा करने से क्रिकेट का खेल फुटबॉल और हॉकी की तरह 3 घंटे में समाप्त हो जाएगा और रोमांचक भी होगा।

ईसीबी के विपणन प्रबंधक स्टुअर्ट राबर्टसन यह प्रस्ताव प्रबंधन समिति के सामने रखा। प्रबंधन समिति के अधिकांश सदस्य यह प्रस्ताव सुनकर आगबबूला हो गए। उन्होंने इसका जबरदस्त विरोध किया। स्टुअर्ट ने बताया ईसीबी ने इस शोध पर काफी बड़ी रकम खर्च की है । आखिर मतदान में 11:07 से प्रस्ताव पारित हो गया। यदि दो सदस्य और इसके विरोध में होते तो आज टी20 क्रिकेट देख नहीं पाते। राबर्टसन में एक साक्षात्कार में बताया कि क्रिकेट के इस फॉर्मेट का नाम रखने में काफी दिक्कत हुई। पहले इसका नाम क्रिकेट लाइट रखा गया। फिर 20-20 क्रिकेट नाम सुझाया गया जिसे स्वीकार कर लिया गया। बाद में यह टी20 हो गया। टी20 क्रिकेट शुरुआत से ही दर्शकों को पसंद आने लगा। काउंटी क्रिकेट में सबसे पहले टी20 कप खेला गया। स्टेडियम खचाखच भरने लगे।

फार्मेट के प्रति दर्शकों के बढ़ते रुझान को देखते हुए टी20 क्रिकेट का आयोजन आइसीसी ने शुरू किया। पहला अंतरराष्ट्रीय टी20 क्रिकेट मैच इंग्लैंड और न्यूजीलैंड की महिलाओं के बीच 5 अगस्त 2004 को खेला गया। पुरुष क्रिकेट में पहला टी20 मैच 17 फरवरी 2005 को आॅकलैंड में खेला गया। शुरुआत में टी20 क्रिकेट के बहुत कम मैच खेले जाते थे। एक या दो मैच ही होते थे। आइसीसी ने घोषणा की कि टी20 का विश्व कप 2007 में खेली जाएगा। बस यहीं से टी20 फार्मेट पूरी तरह से स्थापित हो गया।