तालिबानियों के हाथ लगा अमेरिकी हथियारों का जखीरा, पड़ोसी देशों की चिताएं बढ़ीं

अमेरिका ने अफगानिस्तान सरकार को कई तरह के आधुनिक हथियार दिए थे। जिसमें मिलिट्री विमान से लेकर अत्याधुनिक बंदूक शामिल था।

taliban, america, afghanistan तालिबानी लड़ाकों के हाथों में अमेरिकी हथियार वाली तस्वीर सामने आने के बाद अमेरिकी प्रशासन सतर्क हो गया है। (फोटो – एपी)

तालिबानी हुकूमत आते ही कई देशों ने अफगानिस्तान के साथ होने वाली हथियारों की बिक्री रोक दी है और साथ ही कई तरह के आर्थिक मदद पर भी रोक लगा दी गई है। पिछले दिनों अमेरिका ने भी अफगानिस्तान का फंड फ्रीज कर दिया और आईएमएफ ने भी फंडिंग पर रोक लगा दी। लेकिन अब अमेरिका के लिए चौंकाने वाली खबर सामने आई है। कहा जा रहा है कि तालिबानी शासन आने के बाद तालिबान ने अफगानिस्तान में अमेरिकी हथियारों के एक बड़े जखीरे पर कब्ज़ा कर लिया है। 

सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार तालिबान ने काफी बड़ी संख्या मे अमेरिकी हथियारों पर कब्जा किया है। जिसमें अमेरिकी राइफल से लेकर कई तरह के सैन्य वाहन, एंटी लैंड माइंस वाहन और हमवी भी शामिल है। साथ ही कहा यह भी जा रहा है कि तालिबान के पास कई ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टर और अमेरिका द्वारा अफगान आर्मी को दिए गए विमान भी शामिल हो सकते हैं। साथ ही हवाई हमले करने वाले कई मिलिट्री विमान भी तालिबान द्वारा कब्जे में लिए जाने की आशंका है।

तालिबानी हुकूमत आने के बाद तालिबानी लड़ाकों के हाथों में अमेरिकी हथियार वाली तस्वीर सामने आने के बाद अमेरिकी अधिकारी चौंकन्ना हो गए हैं। अमेरिकी प्रशासन यह पता लगाने की भी कोशिश कर रहा है कि कितने अमेरिकी हथियार तालिबान के कब्जे में गए हैं। तालिबानी लड़ाकों के हाथ में हथियार जाने के बाद अमेरिकी कांग्रेस के एक सूत्र ने सीएनएन से बात करते हुए यह चिंता भी जताई है कि ये हथियार तालिबान के तरह के ही दूसरे संगठनों के हाथ में भी जा सकते हैं। साथ ही उन्होंने यह भी चिंता जताई कि ऐसे हथियार अमेरिका के विरोधी समूहों को भी बेचे जा सकते हैं जो इसका उपयोग अमेरिका के खिलाफ भी कर सकते हैं।

दरअसल अमेरिका ने अफगानिस्तान सरकार को कई तरह के आधुनिक हथियार दिए थे। जिसमें मिलिट्री विमान से लेकर अत्याधुनिक बंदूक शामिल थे। ये हथियार तालिबान के खिलाफ लड़ाई में अफगान सैनिकों की मदद के लिए दिए गए थे। लेकिन अफगानिस्तान में तालिबानी शासन के बाद तालिबानी लड़ाकों ने इन हथियारों पर भी कब्ज़ा कर लिया। अमेरिकी हथियारों पर कब्जे की खबर सामने आने के बाद कई पड़ोसी देशों की चिंताएं बढ़ने लगी हैं।