दलित से शादी करें राहुल गांधी- मंत्री रामदास अठावले ने तंज कसते हुए दी सलाह

कहा, “हम दो हमारे दो का नारा पहले परिवार नियोजन के लिए प्रयोग किया गया था। यदि राहुल गांधी इसे प्रोत्साहित करना चाहते हैं तो उन्हें पहले शादी करनी चाहिए।

Slogan issue

संसद में पिछले कुछ समय से कांग्रेस की ओर से सरकार पर तंज कसने के लिए “हम दो हमारे दो” का नारा बहुत जोरशोर से उठाया जा रहा है। बजट सत्र के दौरान इस पर कई बार नेताओं ने टिप्पणी की। खास तौर पर वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने इसको बोला था।

मंगलवार को केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने इस पर राहुल गांधी को जवाब देते हुए कहा, “हम दो हमारे दो का नारा पहले परिवार नियोजन के लिए प्रयोग किया गया था। यदि राहुल गांधी इसे प्रोत्साहित करना चाहते हैं तो उन्हें पहले शादी करनी चाहिए।उन्हें दलित लड़की से शादी करनी चाहिए और महात्मा गांधी के जातिवाद को खत्म करने के सपने को पूरा करना चाहिए। इसका इस्तेमाल युवाओं को प्रेरित करने के लिए किया जा सकता है।

दरअसल बजट सत्र के दौरान लोकसभा में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सरकार पर तंज कसते हुए कहा था, “परिवार नियोजन का एक नारा था ‘हम दो हमारे दो’। जैसे कोरोना एक अलग रूप में वापस आया, यह नारा एक अलग रूप में वापस आ गया है। देश 4 लोगों द्वारा चलाया जाता है – ‘हम दो हमारे दो’। हर कोई उनके नाम जानता है। किसकी सरकार है, ‘हम दो, हमारे दो।”

उन्होंने कहा, “सदन को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा है कि विपक्ष आंदोलन की बात कर रहा है लेकिन कानूनों के बारे में और मंशा के बारे में नहीं बात कर रहा। मुझे लगा कि मुझे आज पीएम को खुश करना चाहिए और कानूनों के कंटेंट और उनकी मंशा पर बात करनी चाहिए।”

राहुल गांधी ने कहा कि पहले कानून का मकसद एक दोस्त को देश की सभी फसलों का अधिकार देना है। किसको होगा नुकसान? ‘ठेलेवालों’ को, छोटे व्यापारी और मंडियों में काम करने वालों को। दूसरे कानून का मकसद दूसरे दोस्त की मदद करना है। वह भारत की 40% फसलों को अपने स्टोरेज में रखेगा।

राहुल ने कहा कि दूसरा कानून कहता है कि बड़े कारोबारी जितना चाहें उतना अनाज, फल और सब्जियां स्टोर कर सकते हैं। वे जितना चाहें उतना होर्डिंग कर सकते हैं। दूसरे कानून का मकसद आवश्यक वस्तु कानून को समाप्त करना है। जिससे देश में असीमित होर्डिंग शुरू की जा सके।