दस दिन फोन, मेल-मुलाक़ात, कार्यक्रमों से दूर रहेंगे AAP के अरविंद केजरीवाल, जानिए वजह

केजरीवाल हाल के दिनों में आम आदमी पार्टी के विस्तार को लेकर गोवा, गुजरात, उत्तराखंड और पंजाब का लगातार दौरा करते रहे हैं। आने वाले समय में चुनाव प्रचार की शुरुआत के बाद एक बार फिर से उनके व्यस्त कार्यक्रम रहने की संभावना है।

Arvind Kejriwal, Aam Aadmi Party, AAP दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (एक्सप्रेस आर्काइव फोटो)

अगले दस दिनों तक दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल फोन से दूर रहेंगे। वो किसी से मुलाकात भी नहीं करेंगे और सभी प्रकार के कार्यक्रमों से भी दूर रहेंगे।कुछ राज्यों में आसन्न विधानसभा चुनावों से पहले, दिल्ली के मुख्यमंत्री रविवार को 10 दिवसीय विपश्यना शिविर के लिए जयपुर रवाना हुए। शिविर में, वह फोन और संचार के अन्य रूपों जैसे सभी विकर्षणों से मुक्त होगा और अपना समय ध्यान के लिए समर्पित करेंगे।

माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री अगले साल की शुरुआत में पंजाब, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और गोवा चुनावों के लिए प्रचार के कठिन दौर में फंसने से पहले कुछ समय के लिए अपने आप को तैयार करने में लगे हैं। गौरतलब है कि केजरीवाल हाल के दिनों में आम आदमी पार्टी के विस्तार को लेकर गोवा, गुजरात, उत्तराखंड और पंजाब का लगातार दौरा करते रहे हैं। आने वाले समय में चुनाव प्रचार की शुरुआत के बाद एक बार फिर से उनके व्यस्त कार्यक्रम रहने की संभावना है।

क्या है विपश्यना?: विपस्सना एक प्राचीन और अद्भुत ध्यान प्रयोग है। इसका शाब्दिक अर्थ है, देखकर लौटना। मतलब आओ और देखो, और फिर मानों। यह आत्मशुद्धि और आत्मनिरीक्षण की सबसे बेहतरीन ध्यान पद्धति है। हजारों साल पहले भगवान बुद्ध ने विपस्सना के जरिए ही बुद्धत्व को हासिल किया था। उन्होंने इसका अभ्यास लोगों से भी करवाया था। यह ध्यान आपको खुद को जानने में मदद करता है। आज के दौर में दुनिया भर में इस ध्यान से होने वाले लाभ के बारे में चर्चा है और लोग बड़े उत्साह के साथ इसका अभ्यास कर रहे हैं।

विपश्यना के पांच सिद्धांत हैं: पांच सिद्धांत विपश्यना ध्यान का अहम हिस्सा है। इनमें किसी भी प्रकार की जीव-हिंसा न करना, चोरी से दूर रहना, ब्रह्मचर्य का पालन करना, अपशब्दों का प्रयोग न करना तथा नशे आदि से दूर रहना शामिल हैं। विपस्सना ध्यान सुबह और शाम दोनों वक्त किया जा सकता है। एक घंटा सुबह और एक घंटा शाम को इसका अभ्यास करना काफी लाभकारी होता है। सोने से पांच मिनट पहले और उठने के पांच मिनट बाद भी इसका अभ्यास अच्छा माना जाता है।