पंजाब की पावर टसल के बीच छत्तीसगढ़ में सीएम और सिंहदेव के बीच बढ़ रहा 36 का आंकड़ा, मंगलवार को होगी राहुल गांधी से मुलाकात

पिछले काफी दिनों से दोनों नेताओं के बीच तनातनी देखने को मिल रही है। पिछले दिनों भूपेश बघेल समर्थक एक कांग्रेस विधायक ने टीएस सिंह देव पर हमला करवाने का आरोप भी लगाया था।

chhattisgarh मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव के बीच उपजे विवाद को देखते हुए दोनों नेताओं को दिल्ली बुलाया गया है। (फोटो – एक्सप्रेस फोटो/ ट्विटर:@TS_SinghDeo)

पंजाब के बाद अब छत्तीसगढ़ कांग्रेस में भी कलह मच गई है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव के बीच तनातनी बढ़ती ही जा रही है। दोनों नेताओं के बीच उपजा विवाद अब कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व के पास भी पहुंच गया है। मंगलवार को दोनों नेताओं को कांग्रेस सांसद राहुल गांधी से मुलाक़ात करने के दिल्ली बुलाया गया है। इस दौरान दोनों नेता कांग्रेस के छत्तीसगढ़ प्रभारी पीएल पुनिया से भी मुलाकात करेंगे।

दोनों नेताओं के बीच विवाद की असली जड़ ढ़ाई- ढ़ाई साल के मुख्यमंत्री पद वाला फार्मूला है। दरअसल 2018 में हुए विधानसभा चुनाव के बाद प्रदेश स्तर के नेताओं के बीच नेतृत्व को लेकर सामंजस्य नहीं बैठ रहा था। जिसको देखते हुए कांग्रेस नेतृत्व ने यह फार्मूला सुझाया था। इस फार्मूले के हिसाब से भूपेश बघेल और टीएस सिंह देव को ढ़ाई-ढ़ाई साल के लिए मुख्यमंत्री बनाने पर सहमति बनी थी। जिसके बाद भूपेश बघेल को मुख्यमंत्री बनाया गया था।  

इस फार्मूले के हिसाब से जून के महीने में ही भूपेश बघेल का कार्यकाल पूरा हो गया। लेकिन इसके बावजूद भी नेतृत्व परिवर्तन नहीं किया गया है और भूपेश बघेल मुख्यमंत्री बने हुए हैं। इसलिए कहा जा रहा है कि टीएस सिंह देव मुख्यमंत्री ना बनाए से नाराज हैं और नेतृत्व परिवर्तन की मांग कर रहे हैं। हालांकि कांग्रेस पार्टी ने कभी भी इस बात को स्वीकार नहीं किया है कि इस तरह का कोई फार्मूला तैयार किया गया है। लेकिन टीएस सिंह देव के समर्थक अक्सर इसकी चर्चा करते हैं और उन्हें मुख्यमंत्री बनाने की मांग करते हैं।

पिछले काफी दिनों से दोनों नेताओं के बीच तनातनी देखने को मिल रही है। इतना ही नहीं पिछले दिनों भूपेश बघेल समर्थक एक कांग्रेस विधायक ने टीएस सिंह देव पर हमला करवाने का आरोप भी लगाया था। कांग्रेस विधायक बृहस्पत सिंह ने कहा था कि जब से उन्होंने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के कार्यकाल की तारीफ़ की तब से वे स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव के निशाने पर हैं। पिछले दिनों उनके काफिला पर हमला भी किया गया था जिसके मास्टरमाइंड टीएस सिंह देव हैं। 

कांग्रेस विधायक के इस बयान पर जमकर हंगामा पर हुआ था. टीएस सिंह देव ने अपनी ही सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। इतना ही नहीं इस मुद्दे को लेकर वे छत्तीसगढ़ विधानसभा की कार्यवाही भी छोड़ कर चले गए थे। हालांकि इसके बाद छत्तीसगढ़ के कांग्रेस प्रभारी पीएल पुनिया ने दोनों नेताओं से मिलकर इस मुद्दे को शांत करने की भी कोशिश की थी। लेकिन टीएस सिंह देव के रुख में कोई नरमी नहीं आई थी।