पापा IPS थे, IRS नहीं कर पाऊंगा.. रेलवे की नौकरी छोड़ बोले थे पंकज सिंह! BSF के नए डीजी की कहानी

बीएसएफ के नए डीजी पंकज सिंह का चयन पहले आईआरएस में हुआ था। इसके बाद उन्होंने अपने परिवार को बिना बताए फिर से एग्जाम दे दिया। जिसके बाद उनका चुनाव आईपीएस के लिए हुआ था।

pankaj kumar singh ips बीएसएफ के नए डीजी पंकज सिंह (फोटो- @BSF_STC)

वरिष्ठ आईपीएस पंकज सिंह को सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) का महानिदेशक नियुक्त किया गया है। इससे पहले उनके पिता प्रकाश सिंह भी इस पद पर रह चुके हैं।

पंकज सिंह वर्तमान में बीएसएफ मुख्यालय में विशेष महानिदेशक के पद पर तैनात हैं। ये एक ऐसा संयोग है जब बीएसएफ में पिता जिस पोस्ट पर रहे थे, उसी पोस्ट पर पुत्र की भी नियुक्ति हुई है। उनके पिता प्रकाश सिंह 1993-94 तक बीएसएफ के महानिदेशक के रूप में तैनात थे।

प्रकाश सिंह कई पुलिस सुधारों को शुरू करने के लिए जाने जाते हैं। उन्हें पद्म श्री से भी सम्मानित किया गया है। बेटे के बीएसएफ में महानिदेशक तैनात होने पर पिता का खुशी का ठिकाना नहीं है। पिता प्रकाश सिंह ने बेटे के बारे में बताते हुए कहते हैं कि उन्होंने बिना बताए दोबारा से यूपीएसपी की परीक्षा दे दी थी।

प्रकाश सिंह ने कहा- “उनका चयन पहले इंडियन रेलवे सर्विस (IRS) में हुआ था। वहां उन्होंने ज्वाइन भी कर लिया, लेकिन अगले ही साल उन्होंने बिना परिवार को बताए फिर से सिविल की परीक्षा दे दी। जिसके बाद उन्हें आईपीएस के लिए चुन लिया गया। जब पंकज सिंह ने घर में ये बात बताई तो सभी चौंक गए”।

आईपीएस में सलेक्शन होने के बाद प्रकाश सिंह ने बेटे को कहा था कि क्या कर रहे हो तुम, रेलवे की नौकरी आराम की नौकरी होती है, काफी सुविधाएं होती होती… तब पंकज सिंह ने यह कहकर सबको चुप करा दिया कि पापा आपको आईपीएस के रूप में देखा है। इसके बाद प्रकाश सिंह चुप हो गए।

पंकज सिंह के चाचा भी रेलवे में थे। पिता चाहते थे कि कम से उनसे इस बारे में सलाह ले ली जाती, लेकिन जब पंकज सिंह ने उनका तर्क दिया तो वो भी बेटे से सहमत हो गए।

पंकज सिंह ने राजस्थान पुलिस के साथ-साथ केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) में भी काम किया है, जिसके दौरान उन्होंने भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को सुलझाने के अलावा जम्मू-कश्मीर को हिलाकर रख देने वाले एक कुख्यात सेक्स स्कैंडल का पर्दाफाश किया था। जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक रूप से संवेदनशील सेक्स स्कैंडल में एक मंत्री, कई हाई-प्रोफाइल अधिकारी और व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया था।

पंकज सिंह ने जयपुर के महानिरीक्षक के रूप में भी काम किया है। यहां उन्होंने क्राइम ब्रांच भी संभाला है। इस दौरान उन्होंने अपनी टीम के साथ जम्मू-कश्मीर में बंदूक निर्माताओं, नौकरशाहों और गैंगस्टरों के बीच सही सत्यापन के बिना हथियार लाइसेंस देने के खेल का पर्दाफाश किया था। बाद में अंतर-राज्यीय प्रभाव के कारण मामला सीबीआई को स्थानांतरित कर दिया गया था।

उत्तरप्रदेश में जन्म लेने वाले पंकज सिंह राजस्थान कैडर के 1988 बैच के आईपीएस हैं। 31 अगस्त को बीएसएफ महानिदेशक के रूप पंकज सिंह अपना कार्यभार ग्रहण करेंगे और अगले साल दिसंबर में बीएसएफ के डीजी के पद से सेवानिवृत्त होंगे।