मध्यप्रदेश: आर्थिक तंगी के चलते सिविल इंजीनियर के पूरे परिवार ने की ख़ुदकुशी की कोशिश, पिता और बेटे की हुई मौत, मां और बेटी की हालत गंभीर

पुलिस ने घटनास्थल से एक सुसाइड नोट भी बरामद किया है। जिसमें मृतक ने लिखा कि वह पिछले कई महीनों से बेरोजगार था और परिवार गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहा था।

तस्वीर का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है। (फोटोः Freepik)

मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में कोरोना की वजह से आर्थिक तंगी से जूझ रहे एक सिविल इंजीनियर ने पूरे परिवार के साथ आत्महत्या की कोशिश की। इसमें सिविल इंजीनियर और उसके 16 वर्षीय बेटे की मौत हो गई। जबकि पत्नी और 14 वर्षीय बेटी की हालत बेहद ही गंभीर बताई जा रही है। पुलिस इस मामले की जांच में जुटी हुई और पुलिस ने एक सुसाइड नोट भी बरामद किया है।

यह मामला भोपाल के मिसरोद इलाके के सहारा एस्टेट का है। पेशे से सिविल इंजीनियर 55 वर्षीय रवि ठाकरे अपने परिवार के साथ सहारा एस्टेट में रहते थे। उनके परिवार में 50 वर्षीय पत्नी रंजना, 16 वर्षीय बेटा चिराग और 14 वर्षीय बेटी गुंजन थी। लॉकडाउन लगने की वजह से रवि ठाकरे की प्राइवेट नौकरी चली गई थी। जिसकी वजह से वे आर्थिक तंगी का सामना कर रहे थे। आर्थिक तंगी होने के कारण वे ना तो अपना परिवार चला पा रहे थे और ना ही अपने घर की किस्तें जमा कर पा रहे थे। 

आर्थिक तंगी की वजह से रवि ठाकरे मानसिक तनाव का भी सामना भी कर रहे थे। इन्हीं वजहों ने रवि ठाकरे ने अपने परिवार के साथ आत्महत्या करने की कोशिश की। जिसके बाद रवि ठाकरे और उसकी पत्नी रंजना ठाकरे ने जहर खाकर जान देने की कोशिश की। साथ ही दोनों बच्चों की गला रेत कर हत्या की कोशिश की गई।

मिसरोद पुलिस के द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार हर रोज की तरह की जब रविवार सुबह 8:30 तक ठाकरे परिवार का कोई सदस्य नजर नहीं आया तो पड़ोसियों ने घर में झांका। अंदर का दृश्य देखते ही लोगों का दिल दहल गया। जिसके बाद पड़ोसियों ने इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी। जानकारी मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और घर का दरवाजा तोड़ अंदर दाखिल हुई।

पुलिस अंदर का नजारा देख दंग रह गई। एक कमरे में रवि और रंजना बेहोश पड़े थे। दूसरे कमरे में चिराग और गुंजन खून से भींगे हुए थे। जिसके बाद पुलिस ने चारों को अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने  रवि और उसके बेटे को मृत घोषित कर दिया। वहीं पत्नी रंजना और बेटी गुंजन की हालत गंभीर बताई जा रही है। एसपी (दक्षिण) साई कृष्णा एस थोटा, एएसपी राजेश भदौरिया सहित कई वरीय पुलिस अधिकारी भी जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंच गए और जांच शुरू कर दी।

पुलिस ने घटनास्थल से एक सुसाइड नोट भी बरामद किया है। जिसमें मृतक ने लिखा कि वह पिछले कई महीनों से बेरोजगार था और परिवार गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहा था। ना तो वह घर चला पा रहा था और ना ही बच्चों की स्कूल फ़ीस दे पा रहा था। एसपी साई कृष्णा एस थोटाने कहा कि आशंका है कि रवि और उसकी पत्नी ने शनिवार को जहर खा लिया और फिर बच्चों का गला रेत दिया। उन्होंने पहले अपने बेटे चिराग का गला टाइल काटने वाले मशीन से काटा जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। जब वे अपनी बेटी गुंजन का गला काट रहे थे तो या तो उनका टाइल कटर टूट गया या फिर बिजली कट गई जिससे वह बच गई।