महाराष्ट्र: कांग्रेस नेता की धमकी- अमिताभ और अक्षय की फिल्मों की शूटिंग नहीं होने देंगे; पिक्चर रिलीज ना होन देने का भी भरा दंभ

पटोले ने कहा कि अभिनेताओं को अब वही भूमिका निभानी चाहिए और केंद्र सरकार की ‘जन विरोधी’ नीतियों का विरोध करना चाहिए जैसा कि उन्होंने मनमोहन सिंह के कार्यकाल में किया था।

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महाराष्ट्र कांग्रेस प्रमुख नाना पटोले ने बृहस्पतिवार को कहा कि अगर अभिनेता अमिताभ बच्चन और अक्षय कुमार ईंधन की बढ़ती कीमतों के मुद्दे पर कोई स्पष्ट रुख अपनाते हुए ट्वीट या संदेश नहीं जाहिर किया तो राज्य में उनकी फिल्मों के प्रदर्शन और शूटिंग होने की इजाजत नहीं दी जाएगी। हम उनका खुलेआम विरोध करेंगे।

पटोले ने यहां संवाददाताओं से कहा कि बच्चन और कुमार ने संप्रग के नेतृत्व वाली पूर्ववर्ती सरकार के दौरान ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी पर ट्वीट किया था लेकिन अब वे इस मुद्दे पर खामोश हैं।

पटोले ने कहा कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी से आम लोग काफी प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि अमिताभ बच्चन और अक्षय कुमार जैसे कलाकारों ने मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान अपने ट्वीट के जरिए ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी की आलोचना की थी।

महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष ने सवाल किया कि अब वे (अभिनेता) पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी पर चुप क्यों हैं। महाराष्ट्र समेत कुछ स्थानों पर ब्रांडेड पेट्रोल की कीमतें 100 रुपये प्रति लीटर से ज्यादा हो गयी हैं। मुंबई में पेट्रोल की कीमत 96.32 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत 87.32 रुपये प्रति लीटर है।

कांग्रेस नेता ने कहा, “अगर अमिताभ बच्चन या अक्षय कुमार ने नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार द्वारा की जा रही नाइंसाफी के बारे में कोई रुख नहीं अपनाया तो हम महाराष्ट्र में उनकी फिल्में चलने नहीं देंगे, शूटिंग भी बंद करा देंगे।”

पटोले ने कहा कि अभिनेताओं को अब वही भूमिका निभानी चाहिए और केंद्र सरकार की ‘जन विरोधी’ नीतियों का विरोध करना चाहिए जैसा कि उन्होंने मनमोहन सिंह के कार्यकाल में किया था।

उन्होंने वाहनों के लिए ‘फास्टैग सिस्टम’ को लेकर भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र सरकार की आलोचना की।केंद्र ने 15 फरवरी मध्यरात्रि से फास्टैग को अनिवार्य बना दिया और कहा कि फास्टैग नहीं होने पर देश में इलेक्ट्रॉनिक टोल प्लाजा पर दोगुणा शुल्क का भुगतान करना होगा।

सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने स्पष्ट किया था कि डिजिटल प्रारूप के जरिए शुल्क भुगतान को बढ़ावा देने, प्रतीक्षा समय घटाने, टोल प्लाजा पर निर्बाध आवाजाही के लिए यह कदम उठाया गया।कदम है।