मुकेश अंबानी, टाटा और गौतम अडानी के बीच होगी सरकार के इस प्रोजेक्‍ट के लिए जंग

रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा पॉवर, अडानी सोलर, एक्मे सोलर और विक्रम सोलर सोलर मॉड्यूल के लिए प्रोडक्शन-लिंक्ड इंसेंटिव (पीएलआई) स्कीम के तहत कॉन्ट्रैक्ट के लिए बोली लगा सकते हैं। सरकार 40 गीगावाट के टेंडर पर जबरदस्‍त रिस्‍पांस की उम्‍मीद कर रही है।

Ratan Tata, Mukesh Ambani टीसीएस का शेयर प्राइस नई ऊंचाई पर पहुंच पर हैं। (Photo By Indian Express Archive)

जहां एक ओर ग्रीन एनर्जी को लेकर गौतम अडानी और रिलायंस के चेयरमैन मुकेश अंबानी के बीच वॉर शुरू हो गई है, वहीं दूसरी ओर टाटा ग्रुप ने ई-कॉमर्स सेक्‍टर में उतरकर जियो को कड़ी टक्‍कर देने का मन बना लिया है। अब खास बात ये है कि तीनों ही एक ही प्रोजेक्‍ट को हथियाने के लिए मैदान में उतर गए हैं। वास्‍तव में सरकार ने पीएलआई स्‍कीम के तहत करीब 40 गीगा वॉड के सोलर मॉड्यूल के लिए बिड निकाली है। जिसमें टाटा, रिलायंस और अडानी ग्रुप तीनों ही बोली लगा सकते हैं। इस बिड के लिए कुल 18 कंपनियों ने दिलचस्‍पी दिखाई है, जिसमें देश के बड़े नाम भी शामिल हैं।

इन लोगों ने डाली है बिड
रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा पॉवर, अडानी सोलर, एक्मे सोलर और विक्रम सोलर सोलर मॉड्यूल के लिए प्रोडक्शन-लिंक्ड इंसेंटिव (पीएलआई) स्कीम के तहत कॉन्ट्रैक्ट के लिए बोली लगा सकते हैं। सरकार 40 गीगावाट के टेंडर पर जबरदस्‍त रिस्‍पांस की उम्‍मीद कर रही है। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी के अनुसार इस प्रोजेक्‍ट में बड़ी कंपनियां दिलचस्पी दिखा रही हैं और उम्मीद है कि वे शुरू से अंत तक सोलर मैन्‍युफेक्‍चरिंग के लिए प्रतिबद्ध रहेंगी।

किसके पास जाएगा टेंडर
उन्होंने कहा कि योजना के लिए रविवार तक लगभग 40 गीगावॉट के लिए लगभग 18 बोलियां आ चुकी हैं, जिसमें कई बड़ी कंपनियां भी शामिल हैं। मंगलवार यानी आज टेंडर खोले जाने हैं। देखना दिलचस्‍प होगा कि यह टेंडर टाटा रिलायंस और अंबानी किसके पास जाता है। अधिकारी के अनुसार हम अधिकतम 10 गीगावाट समायोजित कर सकते हैं। कई कंपनियां वेफर्स से लेकर मॉड्यूल तक की हमारी उम्मीदों के विपरीत पॉलीसिलिकॉन से मॉड्यूल तक पूरी तरह से इंटिग्रेटिड प्‍लांट लगा सकते हैं।

अप्रैल में दी थी मंजूरी
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने अप्रैल में 4,500 करोड़ रुपए के खर्च के साथ उच्च दक्षता वाले सौर फोटोवोल्टिक मॉड्यूल के निर्माण के लिए पीएलआई योजना को मंजूरी दी थी। प्रोत्साहन से 10 गीगावॉट उच्च दक्षता वाले इंटि‍ग्रेटिड सोलर पीवी मैन्‍युफेक्‍चरिंग प्‍लांट्स को जोड़ने और सोलर पीवी निर्माण में लगभग 17,200 करोड़ रुपए का डायरेक्‍ट निवेश लाने की उम्मीद है।