यातायात नियमों की अनदेखी करना BJP सांसद को पड़ा भारी, पुलिस ने काटा चालान, कार छोड़कर जाना पड़ा बाइक पर

गौरतलब है कि खंडवा में 30 अक्टूबर को लोकसभा उपचुनाव होने हैं। इसके चलते वहां आचार संहिता लागू है। ऐसे में भाजपा सांसद की गाड़ी पर लगे ‘सांसद’ की प्लेट और हूटर को लेकर आचार संहिता उल्लंघन की भी कार्रवाई हो सकती है।

Shankar lalwani, BJP MP, Indore MP भाजपा सांसद शंकर लालवानी(फोटो सोर्स: IANS)

मध्य प्रदेश में यातायात नियमों का पालन ना करने पर इंदौर से भारतीय जनता पार्टी के सांसद शंकर लालवानी भी यातायात पुलिस की कार्रवाई से ना बच सके। गलत जगह पार्किंग करने और गाड़ी में हूटर लगाने के चलते खंडवा यातायात पुलिस ने उन पर 1500 रुपये का जुर्माना लगाया। दरअसल शंकर लालवानी खंडवा में मुंबई बाजार स्थित एक रेस्टोरेंट के सामने नो पार्किंग जोन में अपनी कार लगा दी थी। इसपर पहले तो उनकी गाड़ी को यातायात पुलिस ने लॉक किया और फिर नो पार्किंग जोन में खड़ी होने का चालान काट दिया।

वैसे इसके अलावा यातायात सूबेदार ने मोटर व्हीकल एक्ट के अंतर्गत गाड़ी में लगे हूटर का भी चालान काटा। चालान कटने के बाद भाजपा सांसद वहां से बाइक पर बैठकर गए। जिसके बाद, उनके ड्राइवर ने गाड़ी का जुर्माना भरा और गाड़ी। गौरतलब है कि खंडवा में 30 अक्टूबर को लोकसभा उपचुनाव होने हैं। इसके चलते आचार संहिता लागू है। ऐसे में गाड़ी पर लगे ‘सांसद’ की प्लेट और हूटर पर आचार संहिता उल्लंघन की भी कार्रवाई हो सकती है।

गाड़ी पर का चालान काटने के दौरान वहां मौजूद लोगों का कहना है कि, सांसद की गाड़ी को लॉक लगा दिया गया था, जोकि चालान भरने के बाद ही खोला गया। हालांकि इस चालान की कार्रवाई के दौरान भाजपा सासंद गाड़ी के अंदर मौजूद नहीं थे। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आस-पास के लोगों को भी यातायात के नियमों का पालन करने के लिए कहा और उल्लंघन करने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी।

इसके पहले खराब सड़क को लेकर दी थी चेतावनी: पिछले महीने शंकर लालवानी खराब सड़कों को लेकर चेतावनी देने को लेकर भी चर्चा में आ गए थे। दरअसल इंदौर में खराब सड़कों को लेकर उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी थी कि, अगर इंदौर में खराब सड़कें कहीं भी मिली, और उसकी वजह से किसी की जान जाती है तो दोषी अधिकारियों के खिलाफ वो खुद जाकर FIR दर्ज कराएंगे।

बता दें कि सितंबर माह में इंदौर में पानी में डूबे सड़क के गड्‌ढे की वजह से एक छात्रा की जान चली गई थी। ऐसे में शंकर लालवानी ने अधिकारियों को एफआईआर दर्ज करवाने की चेतावनी दी थी।