लालू यादव बोले- जल्द लौटूंगा सक्रिय राजनीति में, नीतीश ने कहा- जेल से भी तो काम करते थे, रोकता कौन है

तारापुर और कुशेश्वर स्थान विधानसभा उपचुनाव के लिए शुक्रवार 8 अक्टूबर तक नामांकन किया जा सकेगा। 13 अक्टूबर तक उम्मीदवार नाम वापस ले सकेंगे। दोनों सीटों के लिए 30 अक्टूबर को वोटिंग होगी, जबकि 2 नवंबर को मतों की गिनती की जाएगी।

Bihar byelection, JDU, RJD बिहार के सीएम नीतीश कुमार और राजद नेता लालू प्रसाद यादव। (फोटो- फाइल)

बिहार के दरभंगा जिले में कुशेश्‍वरस्‍थान सीट और मुंगेर जिले के तारापुर सीटों के लिए इस महीने के 30 तारीख को होने वाले उपचुनावों के लिए राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इस बीच राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू यादव ने कहा है कि वे जल्द ही सक्रिय राजनीति में लौटेंगे और बिहार आकर जनता से मिलेंगे। उनके इस बयान पर बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल युनाइटेड के नेता नीतीश कुमार ने कहा कि “वे तो जेल से भी राजनीति में सक्रिय थे, रोक कौन रहा है। आएं यहां, उपचुनाव में प्रचार करें। क्या करेंगे, वे केवल भाषण ही देंगे। उनकी अपनी इच्छा है, करें।”

सीएम ने कहा कि तारापुर और कुशेश्वरस्थान के उपचुनाव में दोनों सीटों पर एनडीए पूरी मजबूती से मैदान में है। बाकी लोग क्या कर रहे हैं, वे वही जानें। उन्होंने कहा कि, “हम लोग कोई दावा नहीं करते हैं। बाकी कौन क्या बोलता है, किस भाषा का प्रयोग करता है, सब लोग जानते हैं। कुछ लोगों की आदत है, बोलते रहने की, वे बोलें।”

दूसरी तरफ राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने कहा कि वे पटना आना चाहते हैं, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें अभी इजाजत नहीं दी है। उन्होंने अपने बड़े बेटे तेज प्रताप यादव के उस आरोप को खारिज कर दिया कि उन्हें बंधक बनाया गया है। कहा कि एम्स के डॉक्टर राकेश यादव के कारण दिल्ली में हूं। जब भी वो हरी झंडी देंगे, मैं पटना लौट जाऊंगा और लोगों के बीच रहूंगा।

उन्होंने अपने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि वे तारापुर और कुशेश्वरस्थान उपचुनाव में पूरी ताकत से लड़ें, जीत मिलेगी। उन्होंने नेताओं और कार्यकर्ताओं से कहा कि जेल भरो आंदोलन करें, जेल से ही स्वराज और राज मिलता है। मुकदमों से नहीं डरें।

तारापुर और कुशेश्वरस्थान विधानसभा उपचुनाव के लिए शुक्रवार 8 अक्टूबर तक नामांकन किया जा सकेगा। 13 अक्टूबर तक उम्मीदवार नाम वापस ले सकेंगे। दोनों सीटों के लिए 30 अक्टूबर को वोटिंग होगी, जबकि 2 नवंबर को मतों की गिनती की जाएगी।

इस बीच पिछले विधानसभा चुनाव में बने महागठबंधन में दरार आने के बाद सभी दलों ने अपने उम्मीदवार मैदान में उतार दिए हैं। इससे उपचुनाव में दलों का बिखराव साफ दिख रहा है।