श्रीगंगानगरः किसानों ने पुलिस को बनाया बंधक, पानी की मांग को लेकर एसडीएम ऑफिस पर जड़ दिया ताला

करीब छह दिन बीत जाने के बाद भी जब सरकार की तरफ से इस बारे में कोई आश्वासन नहीं दिया गया तो शनिवार शाम को ही किसान नेताओं ने प्रशासनिक कार्य ठप करने का ऐलान किया।

तस्वीर का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है। (फोटोः पीटीआई)

सिंचाई के लिए पानी देने की मांग को लेकर राजस्थान के श्रीगंगानगर में करीब पिछले एक सप्ताह से चल रहा आंदोलन शनिवार को उग्र हो गया। इस दौरान गुस्साए किसानों और पुलिसकर्मियों के बीच जमकर झड़प हुई। जिसके बाद किसानों ने एडिशनल एसपी समेत कई पुलिसकर्मियों को बंधक बना लिया और एसडीएम ऑफिस पर भी ताला जड़ दिया।

दरअसल राजस्थान के श्रीगंगानगर इलाके में धान की पैदावार बहुत ज्यादा होती है। इसलिए यहां के किसान इंदिरा गांधी नहर से रबी फसल की बुवाई से लेकर उसके पकने तक पानी देने की मांग को लेकर घड़साना इलाके में आंदोलन कर रहे थे। पिछले करीब छह से दिनों किसान इस मांग को लेकर आंदोलन कर रहे थे। किसान नेताओं ने चेतावनी भी जारी की थी कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गई तो वे सभी प्रशासनिक कार्यों को ठप कर देंगे।

करीब छह दिन बीत जाने के बाद भी जब सरकार की तरफ से इस बारे में कोई आश्वासन नहीं दिया गया तो शनिवार शाम को ही किसान नेताओं ने प्रशासनिक कार्य ठप करने का ऐलान किया। जिसके बाद करीब 12 से 15 हजार किसान एसडीएम ऑफिस की तरफ बढ़े और गेट पर लगा बैरीकेडिंग भी तोड़ दिया। इस दौरान किसानों और पुलिसकर्मियों के बीच जमकर झड़प भी हुई।

जिसके बाद किसानों का गुस्सा इस कदर बढ़ गया कि उन लोगों ने वहां मौजूद एडिशनल एसपी समेत करीब 150 पुलिसकर्मी को बंधक बना लिया। इस दौरान किसान ने वहां जमकर नारेबाजी भी की। बंधक बनाए गए पुलिसकर्मियों के लिए खाना भी थाने से ही भिजवाया गया। किसानों ने मंत्री बीडी कल्ला के साथ रविवार को होने वाले मीटिंग में भी शामिल होने से मना कर दिया। किसान नेताओं ने साफ़ कर दिया है कि सरकार के प्रतिनिधि को यहां आकर ही बात करनी होगी और वे जयपुर नहीं जाएंगे।

हालांकि घड़साना में साल 2004 में भी सिंचाई के पानी के लिए सरकार के खिलाफ किसान आंदोलन कर चुके हैं। उस दौरान भी आंदोलन उग्र हो गया था। प्रशासन ने 2004 में हुए आंदोलन को देखते हुए ही इस बार भी तैयारी की थी और भारी पुलिसबल तैनात किए थे। लेकिन इसके बावजूद किसानों ने एसडीएम ऑफिस को घेर लिया।