सिद्धू को कमान देने के बयान पर घमासान, सुरजेवाला बोले- सीएम चन्नी, पीपीसीसी अध्यक्ष मिलकर बनाएंगे रणनीति

कांग्रेस की राज्य इकाई के पूर्व प्रमुख जाखड़ ने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के महासचिव हरीश रावत के बयान को ‘‘चौंकाने’’ वाला करार देते हुए कहा कि इससे मुख्यमंत्री के अधिकारों के ‘‘कमजोर’’ होने की आशंका है।

punjab, congress पंजाब के मुख्यमंत्री के रूप में चरणजीत सिंह चन्नी ने शपथ ली। (एक्सप्रेस फोटो)।

पंजाब के प्रभारी कांग्रेस महासचिव हरीश रावत की एक टिप्पणी के बाद एक राजनीतिक विवाद पैदा हो गया। हरीश रावत ने कहा था कि आगामी पंजाब विधानसभा चुनाव नवजोत सिंह सिद्धू के नेतृत्व में लड़ा जाएगा। हालांकि विवाद होने के बाद कांग्रेस आलाकमान ने सोमवार को साफ किया कि पार्टी सिद्धू और नवनियुक्त मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी दोनों के नेतृत्व में चुनाव लड़ेगी।

पार्टी महासचिव रणदीप सुरजेवाला ने कहा, “मैंने अभी कुछ मिनट पहले हरीश रावत से बात की थी। उन्होंने मुझसे कहा कि कुछ दोस्त उनके बयान को सही नजरिए से नहीं देख पाए।” सुरजेवाला ने बताया, “उन्होंने कहा था कि हमारे मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी हैं। हमारे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू हैं… इसलिए सिद्धू संगठन का नेतृत्व कर रहे हैं और चन्नी राज्य की कांग्रेस सरकार का चेहरा हैं। वे अन्य नेताओं और हमारे कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर पंजाब चुनाव लड़ेंगे। यही वास्तविकता और सच्चाई है।”

सुरजेवाला ने कहा, “हमारा चेहरा सरदार चरणजीत सिंह चन्नी और सरदार नवजोत सिंह सिद्धू के साथ-साथ आम कांग्रेस कार्यकर्ता और महत्वपूर्ण नेता होंगे जो उनका समर्थन करेंगे। अगर कोई जानबूझकर या अन्यथा या मीडिया के एक वर्ग द्वारा गलत व्याख्या की जा रही है, तो मैं मीडिया में अपने सभी दोस्तों को बताना चाहता हूं, कृपया आप भी मोदी जी ,बादल जी, केजरीवाल जी की तरह पंजाब के मुख्यमंत्री के रूप में एक युवा दलित नेता को सौंपी गई नेतृत्व की भूमिका के बारे में सवाल खड़े न करें। वह पीसीसी अध्यक्ष के साथ हमारा चेहरा होंगे, जो स्वाभाविक है।”

बता दें कि पंजाब के मुख्यमंत्री के रूप में चरणजीत सिंह चन्नी के शपथ ग्रहण समारोह से पहले, कांग्रेस नेता सुनील जाखड़ ने सोमवार को एआईसीसी महासचिव हरीश रावत के उस कथित बयान पर सवाल उठाए, जिसमें उन्होंने आगामी राज्य विधानसभा चुनाव कांग्रेस की राज्य इकाई के प्रमुख नवजोत सिंह सिद्धू के नेतृत्व में लड़े जाने की बात कही थी।

कांग्रेस की राज्य इकाई के पूर्व प्रमुख जाखड़ ने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के महासचिव हरीश रावत के बयान को ‘‘चौंकाने’’ वाला करार देते हुए कहा कि इससे मुख्यमंत्री के अधिकारों के ‘‘कमजोर’’ होने की आशंका है।

जाखड़ ने ट्वीट किया, ‘‘ चरणचीत सिंह चन्नी के पंजाब के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण करने के दिन, रावत का ‘‘ सिद्धू के नेतृत्व में चुनाव लड़ने का बयान’’ काफी चौंकाने वाला है। यह न केवल मुख्यमंत्री के अधिकारों को कमजोर कर सकता है बल्कि इस पद के लिए उनके चयन के कारणों को भी नकारेगा।’’

मालूम हो कि सुनील जाखड़ का नाम भी नए मुख्यमंत्री के लिए प्रबल दावेदारों में शामिल था। कांग्रेस के वरिष्ठ दलित नेता चरणजीत सिंह चन्नी को रविवार को पार्टी विधायक दल का नया नेता चुना गया और उन्होंने आज मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। ऐसा कहा जा रहा है कि सिद्धू ने चन्नी के नाम का समर्थन किया था।