2014 से बेरोजगार हो, आगे भी रहोगे- कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मनाया बेरोजगारी दिवस तो बोले फिल्म निर्माता

युवा कांग्रेस द्वारा राष्ट्रीय बेरोजगारी दिवस मनाने पर फिल्म निर्माता अशोक पंडित ने ट्वीट किया और लिखा, “आगे भी बेरोजगार रहोगे।”

pm narendra modi, ashoke pandit युवा कांग्रेस ने मनाया राष्ट्रीय बेरोजगारी दिवस (फोटो सोर्स- जीशान सिद्दीकी ट्विटर)

मुंबई युवा कांग्रेस ने पीएम नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर वीटी स्टेशन के बाहर प्रदर्शन किया और पकौड़ा बनाकर ‘राष्ट्रीय बेरोजगारी दिवस’ मनाया। इससे जुड़ी कुछ तस्वीरें भी सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही हैं, जिसमें युवा कार्यकर्ता ग्रेजुएशन कोट पहने और कैप लगाए पकौड़ा बनाते हुए नजर आ रहे हैं। इन तस्वीरों को विधायक जीशान सिद्दीकी ने अपने ट्विटर हैंडल से भी साझा किया। कांग्रेस विधायक के इस ट्वीट का जवाब देने से फिल्म निर्माता अशोक पंडित भी पीछे नहीं हटे।

फिल्म निर्माता अशोक पंडित ने कांग्रेस विधायक जीशान सिद्दीकी के ट्वीट का जवाब देते हुए लिखा, “हम सभी जानते हैं कि आप लोग 2014 से ही बेरोजगार हैं और आने वाले कई सालों तक भी आप बेरोजगार ही रहोगे। आप सभी को मेरी तरफ से ढेर सारी शुभकामनाएं।” फिल्म निर्माता अशोक पंडित के ट्वीट पर सोशल मीडिया यूजर भी खूब कमेंट कर रहे हैं।

राजेश शर्मा ने फिल्म निर्माता अशोक पंडित के ट्वीट का जवाब देते हुए लिखा, “पंडित जी 2014 से पहले भाजपा वालों का नागिन डांस नहीं दिखता था शायद आपको।” वहीं एक यूजर ने अशोक पंडित के ट्वीट पर सहमति जाहिर की और लिखा, “बिल्कुल सही कहा आपने अशोक जी।”

बता दें कि पीएम नरेंद्र मोदी के 71वें जन्मदिन पर राष्ट्रीय बेरोजगारी दिवस ट्विटर पर खूब ट्रेंड हो रहा था। साथ ही लगातार पीएम मोदी से सवाल भी किये जा रहे थे ‘दो करोड़ नौकरियां कहां है।’ पीएम मोदी से सवाल करने वाले इन लोगों में राजनीतिक दिग्गजों के साथ-साथ रिटायर्ड आईएएस अधिकारी भी शामिल थे।

वहीं फिल्म निर्माता अशोक पंडित की बात करें तो वह सोशल मीडिया पर खूब एक्टिव रहते हैं। साथ ही फिल्मी दुनिया के साथ-साथ राजनीति से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय पेश करते हैं। बीते दिन उन्होंने आप नेता राघव चड्ढा द्वारा नवजोत सिंह सिद्धू को ‘राजनीति की राखी सावंत’ कहने पर भी नाराजगी जाहिर की थी और तंज कसते हुए लिखा था, “महिलाओं का अपमान करना आप की संस्कृति है। आपके एक कार्यकर्ता पहले से ही घरेलू हिंसा से कारण जेल में हैं और बाकी लोग भी महिलाओं के उत्पीड़न के आरोपी हैं।”