Coronavirus in UP: पक्ष-विपक्ष सबने दागे सवाल, सरकारी प्रवक्ता ने कहा- एसीनुमा कमरों में बैठने वालों को नहीं है जानकारी

राज्‍य सरकार के प्रवक्ता और खादी ग्रामोद्योग मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने सोमवार को कहा, ”वातानुकूलित कमरों में बैठ कर ट्वीट करने वालों को गांव और जमीन पर हो रहे कामों की जानकारी कैसे हो सकती है।”

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एक तरफ जहां उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से लगातार कहा जा रहा है कि राज्य में कोरोना संकट से निपटने के लिए काफी अच्छी तैयारी है। विपक्ष के साथ-साथ सत्ता पक्ष की तरफ से भी अब सवाल खड़े होने लगे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के साथ-साथ केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ बीजेपी नेता संतोष गंगवार ने भी पत्र लिखकर चिंता जतायी है। वहीं सरकारी प्रवक्ता ने अखिलेश यादव के बयान पर कहा है कि एसीनुमा कमरों में बैठने वालों को सरकार के कार्यों की नहीं है जानकारी।

केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से कहा है कि यहां कोई नहीं सुनता है। इससे पहले भी राज्य में कई विधायकों ने हालात को लेकर चिंता जतायी थी। श्रम एवं रोजगार राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार संतोष गंगवार ने योगी को लिखे पत्र में कहा है कि प्रशासन के अधिकारी फोन नहीं उठाते हैं। उन्होंने लिखा है कि एक सुझाव भी है जिसमें शिकायत भी है बरेली में मेडिकल से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण अधिकारी फोन नहीं उठाते हैं। जिससे मरीजों को काफी परेशानी हो रही है। केंद्रीय मंत्री ने अपने पत्र में अस्पतालों में कोरोना संक्रमितों को भर्ती करवाने में हो रही समस्याओं का भी उल्लेख अपने पत्र में किया है।

इधर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सोमवार को कोविड- 19 को लेकर भारतीय जनता पार्टी की सरकार और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री की अदूरदर्शिता और समय पर निर्णय लेने की अक्षमता के चलते प्रदेश में हर तरफ हाहाकार मचा हुआ है।

अखिलेश ने कहा कि सरकार का सारा ध्यान राजधानी और महानगरों पर है, फिर भी हालत बेकाबू हैं। ऐसे में गांवों के लाखों ग्रामीणों को उनके भाग्य के भरोसे छोड़ दिया गया है और वहां की बदतर होती जिंदगी पर किसी का ध्यान नहीं है। सोमवार को जारी एक बयान में पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, ”उत्तर प्रदेश में एक लाख गांव हैं जहां 70 प्रतिशत आबादी रहती है और 24 करोड़ की जनसंख्या वाला यह सबसे बड़ा राज्य है।

अखिलेश यादव के बयान पर राज्‍य सरकार के प्रवक्ता और खादी ग्रामोद्योग मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने सोमवार को कहा, ”वातानुकूलित कमरों में बैठ कर ट्वीट करने वालों को गांव और जमीन पर हो रहे कामों की जानकारी कैसे हो सकती है।”