VIDEO: अफगानी अवाम को कसूरवार बता चिल्लाने लगे कमर चीमा- अब भारत भी मानेगा तालिबान को; पत्रकार बोलीं- इन्हें कुछ नहीं मालूम

चीमा के बयान पर पत्रकार कनिका गुप्ता ने कहा, “ये दावा कर रहे हैं कि लोग वहां पर तालिबानियों का स्वागत कर रहे हैं। ऐसा बिलकुल नहीं है ये झूठ है। लोग डरे हुए हैं, वो नाराज़ हैं और जान बचाने के लिए इधर उधर भाग रहे हैं। मुझे आश्चर्य हो रहा है कि कमर चीमा वास्तविकता से कितनी दूर हैं।”

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अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्जे कर लिया है और वहां के हालत बाद से बदतर होते जा रहे हैं। लोग इतने दर गए हैं कि वे मजबूरन देश छोड़कर भाग रहे हैं। इसको लेकर आज तक’ के शो ‘हल्ला बोल’ में एक चर्चा हो रही थी। इस दौरान पाकिस्तान के विशेषज्ञ कमर चीमा ने दावा किया कि अफगानी में लोग तालिबानियों का स्वागत कर रहे हैं।

इसपर अफगान से भारत लौटीं भारतीय पत्रकार बरखा वर्षा नाराज हो गई और उन्होंने कमर चीमा को मुंहतोड़ जवाब दिया। चीमा के बयान पर पत्रकार कनिका गुप्ता ने कहा, “ये दावा कर रहे हैं कि लोग वहां पर तालिबानियों का स्वागत कर रहे हैं। ऐसा बिलकुल नहीं है ये झूठ है। लोग डरे हुए हैं, वो नाराज़ हैं और जान बचाने के लिए इधर उधर भाग रहे हैं। मुझे आश्चर्य हो रहा है कि कमर चीमा वास्तविकता से कितनी दूर हैं।”

कनिका ने कहा, “मैं चीमा के बयान से बिलकुल भी अग्री नहीं करती। मैंने वहां तीन महीने गुजारे हैं। मैंने लोगों से बात की है। मुझे पता है कि कोई भी उन्हें वेलकम नहीं कर रहा है।” इसपर चीमा ने कहा, “मुझे ये बताइये ये जो अफ़ग़ानिस्तान में हो रहा है यह किसका कसूर है। क्या अफगानी अवाम का कसूर नहीं है? आप किसको जिम्मेदार ठहरा रही हैं।”

चीमा ने कहा, “अफगानी अवाम जिनको पूरी दुनिया खिला पिला रही है। उन्हें इतना मोटा ताज़ा कर दिया है और वे लड़ने के काबिल नहीं हैं। आप अपनी अवाम को तालिबान से नहीं बचा सके। अभी तालिबान तानाशाही करेगी तो दिक्कत है।”

चीमा ने कहा, “अभी तो भारत भी मानेगा तालिबान को, आपकी हुकूमत उनको पैसे देगी।” इसपर बरखा वर्षा ने उन्हें लताड़ते हुए कहा। “ये जो कह रहे हैं न कि वहां के लोग उनको वेलकम कर रहे हैं। मुझे नहीं पता इनके यहां वेलकम किसको कहते हैं।”

बरखा वर्षा ने कहा। “जनता परेशान है और वहां पर अफरातफरी का माहौल है। मैं पिछले तीन साल से अफगानिस्तान में काम कर रही हूँ। लोगों के अंदर गुस्सा भी है और दर भी। वे इस बदले हुए हालत से निकलना चाहते हैं। भागना चाहते हैं।”